QUAD मिशन के तहत विदेशी तैनाती पर रवाना हुआ ICGS शौनक: ऑस्ट्रेलिया और इंडोनेशिया के लिए चेन्नई से भरी उड़ान, समुद्री तालमेल को मिलेगी मजबूती
नई दिल्ली/चेन्नई: भारतीय तटरक्षक बल (Indian Coast Guard) का पोत ICGS शौनक क्वाड (QUAD) के ‘एट सी शिप ऑब्जर्वर मिशन’ के तहत शुक्रवार को ऑस्ट्रेलिया और इंडोनेशिया की विदेशी तैनाती के लिए चेन्नई बंदरगाह से रवाना हो गया है। इस अंतरराष्ट्रीय मिशन का मुख्य उद्देश्य चारों सहयोगी देशों के बीच आपसी समझ, परिचालन तालमेल और समुद्री सुरक्षा सहयोग को सशक्त बनाना है।
चेन्नई बंदरगाह पर आयोजित विदाई समारोह में तटरक्षक बल के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ-साथ विभिन्न देशों के राजनयिक और अंतरराष्ट्रीय गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे।
मिशन की रूपरेखा, उद्देश्यों और यात्रा कार्यक्रम से जुड़े मुख्य बिंदु:
- चारों देशों के ‘सी राइडर्स’ की सहभागिता: इस विशेष मिशन में जापान कोस्ट गार्ड और भारतीय तटरक्षक बल के दो-दो अधिकारी तथा यूनाइटेड स्टेट्स कोस्ट गार्ड और ऑस्ट्रेलियन बॉर्डर फोर्स का एक-एक अधिकारी ‘सी राइडर्स’ के रूप में जहाज पर तैनात हैं।
- समुद्री निगरानी व कार्यप्रणाली का आदान-प्रदान: चेन्नई से पर्थ तक की समुद्री यात्रा के दौरान ये अधिकारी सुरक्षा ब्रीफिंग, निगरानी गतिविधियों, ऑनबोर्ड परिचालनों और पेशेवर आदान-प्रदान में हिस्सा लेंगे। इसके माध्यम से उन्हें भारतीय तटरक्षक बल की मानक संचालन प्रक्रियाओं (SOPs) का प्रत्यक्ष अनुभव मिलेगा।
- पोर्ट कॉल और निर्धारित कार्यक्रम: विदेशी तैनाती के दौरान ICGS शौनक ऑस्ट्रेलिया के फ्रीमैनटल (पर्थ) तथा इंडोनेशिया के जकार्ता बंदरगाहों पर रुकेगा। वहां क्रॉस-डेक प्रशिक्षण, पेशेवर चर्चाएं, संयुक्त समुद्री अभ्यास, योग सत्र और सांस्कृतिक आदान-प्रदान के कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे।
- ‘महासागर’ विजन और नियम-आधारित व्यवस्था: यह मिशन भारत के ‘महासागर’ (MAHASAGAR) दृष्टिकोण के अनुरूप है। इसका लक्ष्य एक स्वतंत्र, खुले, समावेशी और सुरक्षित इंडो-पैसिफिक क्षेत्र के निर्माण के साथ समुद्री कानून प्रवर्तन, खोज एवं बचाव (SAR) तथा पर्यावरण संरक्षण के बेहतर तौर-तरीकों को साझा करना है।
- वापसी का कार्यक्रम: अपने निर्धारित अभियानों और संयुक्त गतिविधियों को पूरा करने के पश्चात ICGS शौनक के 25 अक्टूबर 2026 को वापस चेन्नई लौटने का कार्यक्रम है।


