पंजाब के सीएम भगवंत मान की पत्नी को चंडीगढ़ कोर्ट से झटका: ₹5 करोड़ के कथित रिश्वत मामले में अंतरिम रोक हटाई
नई दिल्ली/चंडीगढ़: पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान की पत्नी डॉ. गुरप्रीत कौर को चंडीगढ़ की एक अदालत से कानूनी झटका लगा है। ₹5 करोड़ के कथित रिश्वत मामले को लेकर अदालत ने रिटायर्ड जस्टिस रणजीत सिंह के खिलाफ पूर्व में दिए गए अंतरिम निषेधाज्ञा (interim injunction) को रद्द कर दिया है।
अदालत ने अपने आदेश में तल्ख टिप्पणी करते हुए कहा कि अंतरिम निषेधाज्ञा प्राप्त करते समय महत्वपूर्ण तथ्यों को छुपाया या दबाया गया था।
मामले की पृष्ठभूमि, आरोप और अदालती कार्यवाही से जुड़े मुख्य बिंदु:
- विवाद की पृष्ठभूमि: रिटायर्ड जस्टिस रणजीत सिंह ने डॉ. गुरप्रीत कौर पर कथित तौर पर ₹5 करोड़ की रिश्वत मांगने संबंधी बयान दिया था।
- छवि खराब करने का आरोप: इस बयान के सामने आने के बाद डॉ. गुरप्रीत कौर ने अपनी छवि धूमिल करने का आरोप लगाते हुए अदालत का दरवाजा खटखटाया था और रिटायर्ड जस्टिस के खिलाफ अंतरिम रोक हासिल की थी।
- अंतरिम राहत रद्द: चंडीगढ़ कोर्ट ने मामले की समीक्षा के बाद यह पाया कि रोक हासिल करते समय आवश्यक तथ्यों को सही तरीके से पेश नहीं किया गया, जिसके आधार पर पूर्व में दी गई अंतरिम राहत को निरस्त कर दिया गया।
- अगली सुनवाई की तिथि: अदालत ने इस मामले में आगे की कानूनी कार्यवाही और दलीलों के लिए अगली सुनवाई की तारीख 6 अक्टूबर तय की है।


