बिहार में स्कूली छात्रों के लिए डिजिटल शिक्षा का नया अध्याय: ‘बिहार विद्या साथी’ वन-टू-वन इंटरैक्टिव प्लेटफॉर्म की शुरुआत
नई दिल्ली/पटना: बिहार के स्कूली विद्यार्थियों को आधुनिक और तकनीक-सक्षम शिक्षा उपलब्ध कराने की दिशा में राज्य सरकार ने एक अहम पहल की है। स्कूली बच्चों की डिजिटल पढ़ाई को सुदृढ़ बनाने के उद्देश्य से ‘बिहार विद्या साथी’ नामक वन-टू-वन इंटरैक्टिव डिजिटल प्लेटफॉर्म का औपचारिक शुभारंभ किया गया है। इस पहल का उद्देश्य विद्यार्थियों को शैक्षणिक मार्गदर्शन और अध्ययन से जुड़ी सभी समस्याओं का समाधान सुलभ कराना है।
‘बिहार विद्या साथी’ प्लेटफॉर्म के माध्यम से छात्रों को उनकी पढ़ाई से संबंधित कठिन प्रश्नों के उत्तर, विषयवार विशेषज्ञ मार्गदर्शन और चौबीसों घंटे (24/7) डिजिटल सहायता की सुविधा मिलेगी। शुरुआती चरण में राज्य के 700 सरस्वती विद्या निकेतन मॉडल विद्यालयों के छात्र-छात्राओं को इस आधुनिक डिजिटल व्यवस्था से सीधे जोड़ा गया है।
डिजिटल प्लेटफॉर्म की प्रमुख विशेषताएं व लाभ:
- 24 घंटे मार्गदर्शन: विद्यार्थियों को किसी भी समय पढ़ाई से जुड़े संशयों को दूर करने और विषयवार डिजिटल सहायता प्राप्त करने की सुविधा मिलेगी।
- प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी: स्कूली पाठ्यक्रम के साथ-साथ यह प्लेटफॉर्म छात्रों को राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगी परीक्षाओं जैसे नीट (NEET), जेईई (JEE) और अन्य प्रवेश परीक्षाओं की तैयारी के लिए भी विशेष मार्गदर्शन प्रदान करेगा।
- व्यापक विस्तार योजना: प्रारंभिक चरण के सफल क्रियान्वयन के बाद राज्य सरकार इस सेवा का विस्तार बिहार के अन्य सभी सरकारी व संबद्ध विद्यालयों में चरणबद्ध तरीके से करेगी।
- उच्चस्तरीय उपस्थिति: इस शुभारंभ कार्यक्रम में शिक्षा मंत्री मिथिलेश तिवारी, उपमुख्यमंत्री विजय कुमार चौधरी, विजेंद्र प्रसाद यादव और शिक्षा विभाग के कई वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारी उपस्थित रहे।
यह डिजिटल पहल राज्य के दूरदराज क्षेत्रों में अध्ययनरत विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण शैक्षणिक संसाधन एक ही मंच पर उपलब्ध कराने में अत्यंत प्रभावी सिद्ध होगी।



