पटना: वित्त रहित शिक्षकों ने निकाली कफन यात्रा, वेतनमान की मांग पर जेपी गोलंबर पर प्रदर्शन; मुख्यमंत्री ने दिया जल्द समाधान का भरोसा
पटना: बिहार की राजधानी पटना में अपनी विभिन्न लंबित मांगों को लेकर वित्त रहित शिक्षकों ने कांग्रेस के बैनर तले ‘कफन यात्रा’ निकालकर विरोध प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारी शिक्षकों का कहना है कि वे विगत लगभग 40 वर्षों से उचित वेतनमान और नियमित वेतन भुगतान की मांग कर रहे हैं, किंतु शासन स्तर से अब तक उनकी समस्याओं का कोई स्थायी समाधान नहीं निकाला गया है।
कफन यात्रा जब पटना के व्यस्त जेपी गोलंबर पहुंची, तो पुलिस प्रशासन ने बैरिकेडिंग लगाकर प्रदर्शनकारियों को आगे बढ़ने से रोक दिया। इस दौरान पुलिस और प्रदर्शनकारी शिक्षकों के बीच तनातनी की स्थिति बनी रही, जिसके चलते इलाके में करीब एक घंटे तक यातायात व्यवस्था बाधित रही और ट्रैफिक पुलिस को मार्ग सुचारू कराने के लिए मशक्कत करनी पड़ी।
प्रदर्शन और प्रशासनिक रुख से जुड़े मुख्य बिंदु:
- चार दशकों से वेतनमान की मांग: शिक्षकों ने आरोप लगाया कि वे करीब 40 वर्षों से नियमित वेतन और सेवा शर्तों के स्थायी समाधान की प्रतीक्षा कर रहे हैं।
- जेपी गोलंबर पर पुलिस बैरिकेडिंग: प्रदर्शनकारियों को रोकने के लिए पुलिस ने जेपी गोलंबर पर कड़ा घेरा बनाया, जिससे मुख्य चौराहे पर काफी देर तक जाम की स्थिति बनी रही।
- मुख्यमंत्री का आश्वासन: बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने वित्त रहित शिक्षकों के मुद्दे पर बयान देते हुए कहा कि सरकार जल्द ही इस विषय पर ठोस निर्णय लेगी और शिक्षकों को न्याय दिलाया जाएगा।



