जंतर-मंतर पर CJP का ‘संसद मार्च’: नीट पेपर लीक और शिक्षा मंत्री के इस्तीफे को लेकर भड़की हिंसा, पुलिस ने दागे आंसू गैस के गोले
नई दिल्ली: राजधानी दिल्ली का जंतर-मंतर एक बार फिर देश के सबसे बड़े आंदोलन का केंद्र बन गया है। कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) द्वारा आयोजित ‘चलो संसद’ (संसद मार्च) आंदोलन के दौरान जंतर-मंतर और आसपास के इलाकों में भारी विरोध-प्रदर्शन और पुलिस के बीच तीखी झड़पें देखने को मिली हैं।
NEET पेपर लीक विवाद, परीक्षा में अनियमितताओं और लद्दाख के शिक्षाविद सोनम वांगचुक की रिहाई व मुद्दों को लेकर यह आंदोलन उग्र रूप ले चुका है।
प्रदर्शन से जुड़ी प्रमुख बातें:
- मुख्य मांगें:
- केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान का तत्काल इस्तीफा।
- नीट (NEET) एवं अन्य प्रतियोगी परीक्षाओं में हुए पेपर लीक और गड़बड़ियों की निष्पक्ष जांच।
- सामाजिक कार्यकर्ता और अनशन पर बैठे सोनम वांगचुक की रिहाई।
- पुलिस कार्रवाई और लाठीचार्ज: हजारों की संख्या में पहुंचे छात्र और युवा जब संसद भवन की तरफ बढ़ने लगे, तो पुलिस ने तीन स्तरीय बैरिकेडिंग लगाकर उन्हें रोकने की कोशिश की। प्रदर्शनकारियों द्वारा बैरिकेड्स तोड़ने के बाद पुलिस ने खदेड़ने के लिए लाठीचार्ज किया और आंसू गैस के गोले छोड़े।
- इंटरनेट सेवाएं ठप: सेंट्रल दिल्ली के कई हिस्सों में सुरक्षा कारणों से मोबाइल इंटरनेट सेवाओं को निलंबित (Internet Shutdown) कर दिया गया। वहीं पटेल चौक और जनपथ जैसे मेट्रो स्टेशनों के एंट्री/एग्जिट गेट भी सुरक्षा के लिहाज से बंद करने पड़े।
- सरकारी स्तर पर बातचीत: तनाव बढ़ता देख केंद्रीय मंत्री जे.पी. नड्डा ने CJP के प्रतिनिधिमंडल से मुलाकात की। हालांकि, CJP के संस्थापक अभिजीत दिपके और उनके समर्थकों का कहना है कि जब तक उनकी मांगें पूरी नहीं हो जातीं, जंतर-मंतर पर उनका धरना और संसद मार्च का आह्वान जारी रहेगा।
स्थिति: नई दिल्ली क्षेत्र में भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (BNSS) की धारा 163 लागू की गई है और सुरक्षा बल चप्पे-चप्पे पर मुस्तैद हैं।
जंतर-मंतर पर बल प्रयोग और लाठीचार्ज का दावा गलत, दिल्ली पुलिस ने मीडिया खबरों को बताया निराधार
दिल्ली पुलिस ने मीडिया के कुछ चैनलों पर प्रसारित उन खबरों और दावों का पूरी तरह से खंडन किया है, जिनमें नई दिल्ली स्थित जंतर-मंतर पर प्रदर्शनकारियों पर कथित तौर पर बल प्रयोग, लाठीचार्ज और गिरफ्तारियों की बात कही जा रही थी।
सोशल मीडिया पर जारी एक आधिकारिक पोस्ट में दिल्ली पुलिस ने स्पष्ट किया कि जंतर-मंतर पर ऐसी कोई भी अप्रिय घटना या पुलिस द्वारा बल प्रयोग नहीं हुआ है। पुलिस प्रशासन के अनुसार, विरोध प्रदर्शन को पूरी तरह से शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराने और व्यवस्था बनाए रखने के प्रयास किए जा रहे हैं।
दिल्ली मेट्रो यात्रियों के लिए राहत: सेवा तीर्थ, राजीव चौक और केंद्रीय सचिवालय स्टेशनों के प्रवेश द्वार और इंटरचेंज सुविधाएं फिर से चालू
दिल्ली मेट्रो रेल कॉर्पोरेशन (DMRC) ने यात्रियों के लिए राहत भरी खबर साझा की है। DMRC द्वारा दी गई आधिकारिक जानकारी के अनुसार, सेवा तीर्थ, राजीव चौक और केंद्रीय सचिवालय मेट्रो स्टेशनों के प्रवेश/निकास द्वार (गेट) और इंटरचेंज सुविधाएं अब आम जनता के लिए फिर से खोल दी गई हैं।
इससे पहले सुरक्षा व्यवस्था और एहतियातन कदमों के तहत दिल्ली मेट्रो ने जनपथ, राजीव चौक, पटेल चौक, सेंट्रल सेक्रेटेरिएट (केंद्रीय सचिवालय) और सेवा तीर्थ मेट्रो स्टेशनों को अगले आदेश तक बंद करने की घोषणा की थी। अब इन प्रमुख स्टेशनों के दोबारा खुलने से हजारों यात्रियों और दफ्तर जाने वालों को आवाजाही में बड़ी राहत मिली है।



