बागपत के वीर सपूत फ्लाइट लेफ्टिनेंट प्रशांत सिंह तोमर को नम आंखों से दी गई श्रद्धांजलि
लखनऊ, 14 जून 2026: बागपत जिले के कंडेरा गांव के निवासी और भारतीय वायुसेना के फ्लाइट लेफ्टिनेंट प्रशांत सिंह तोमर ने देश सेवा करते हुए अपने प्राण न्योछावर कर दिए। असम के जोरहाट एयरबेस पर एएन-32 मालवाहक विमान की लैंडिंग के दौरान हुए हादसे में उनका निधन हो गया। इस दुखद घटना के बाद कंडेरा गांव सहित पूरे क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ गई।
करीब छह वर्ष पहले भारतीय वायुसेना में पायलट के रूप में चयनित हुए प्रशांत सिंह तोमर ने अपने अनुशासन, कर्तव्यनिष्ठा और समर्पण से विशेष पहचान बनाई थी। परिजनों के अनुसार, उन्होंने अपनी प्रारंभिक और उच्च शिक्षा देहरादून में प्राप्त की थी और बचपन से ही देश सेवा का सपना संजोए हुए थे।
हादसे की सूचना मिलते ही परिवार में मातम छा गया। उनके पिता उमेश तोमर सेना से सेवानिवृत्त हैं और वर्तमान में देहरादून के सैलाकुई क्षेत्र में निवास करते हैं। सूचना मिलने के बाद परिजन तत्काल देहरादून के लिए रवाना हो गए। लगभग दो वर्ष पूर्व प्रशांत का विवाह दिल्ली निवासी ऐश्वर्या से हुआ था।
ग्रामीणों ने फ्लाइट लेफ्टिनेंट प्रशांत सिंह तोमर को मिलनसार, मेहनती और देशभक्त युवा बताते हुए कहा कि उनकी शहादत पर पूरे क्षेत्र को गर्व है। भारतीय वायुसेना के अधिकारियों के अनुसार, हादसे के बाद विमान में आग लग गई थी, जिस पर तुरंत काबू पा लिया गया।
वीर सपूत प्रशांत सिंह तोमर का बलिदान देश की सेवा और कर्तव्य के प्रति सर्वोच्च समर्पण का प्रतीक है। उनकी वीरता और राष्ट्रभक्ति को देश सदैव सम्मान और श्रद्धा के साथ याद रखेगा।


